भाई की गिरफ्तारी के बाद जीतू यादव देर रात थाने पहुंचा और आवाज के नमूने दिए
इंदौर: पार्षद कालरा विवाद में लंबे समय से लापता जीतू यादव देर रात जूनी इंदौर थाने पहुंचा। उसने पुलिस अफसरों को अपनी आवाज के नमूने दिए। इसके बाद वह घर चला गया। रात में उसके भाई और मुख्य आरोपी अवि यादव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। अब पुलिस आवाज के नमूनों के आधार पर जांच करेगी। अगर हमले का आरोपी अवि पुलिस के सामने यह स्वीकार कर लेता है कि जीतू यादव ने पार्षद कालरा के घर पर हमला करने के लिए समर्थक भेजे थे तो पुलिस उसे भी आरोपी बना सकती है। भाजपा पार्षद कालरा ने घर पर हमला और नाबालिग बेटे के साथ अश्लील हरकतों को लेकर जूनी इंदौर थाने में मामला दर्ज कराया था। पांच दिन तक पुलिस ने इस मामले में कुछ नहीं किया, लेकिन फिर संगठन और सरकार हरकत में आई और पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
वकील के साथ आए जीतू
पार्षद जीतू अपने एक वकील के साथ थाने आए। पुलिस अफसरों ने उनसे घटना के बारे में पूछताछ की और आवाज के नमूने लिए। अब इन्हें जांच के लिए भेजा जाएगा। इसके बाद मामले की जांच आगे बढ़ेगी। घटना के बाद पुलिस ने जीतू के घर पर लापता होने का नोटिस चिपका दिया था। अगर वह समय पर नहीं आता तो उसे भगोड़ा घोषित किया जा सकता था। इसके बाद वह थाने पहुंचा।
भाजपा ने किया निष्कासित
इस विवाद के बाद भाजपा ने जीतू यादव को छह महीने के लिए निष्कासित कर दिया है। इसके अलावा उनसे एमआईसी सदस्य का पद भी छीन लिया गया। अब वह सिर्फ कुलकर्णी नगर के पार्षद हैं। शनिवार को जीतू ने अपनी वॉट्सऐप डीपी और फेसबुक से कई फोटो भी हटा दिए।

प्रधानमंत्री मोदी द्वारा प्रज्ज्वलित विकास के दीपक का प्रकाश फैल रहा हैं देशभर में: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
उन्यासी हार गया, ‘सेवन्टी नाइन’ जीत गया !
उपचुनाव से पहले भाजपा का बड़ा फैसला, पार्टी में लौटे पुराने नेता; जानें क्या मिली जिम्मेदारी
राष्ट्रपति मुर्मू के साथ नजर आने वालीं मेजर नव्या शेखावत कौन हैं? पढ़ें पूरी कहानी
इंदौर: ब्यूटीशियन की मौत के मामले में कारोबारी का दावा, पहले भी कई बार धमका चुकी थी