नया इनकम टैक्स कानून करदाताओं की जिंदगी आसाना बनाएगा : अग्रवाल
नई दिल्ली । केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2025 में नया इनकम टैक्स कानून लाने की बात कही थी। इस घोषणा के बाद से ही टैक्सपेयर्स के बीच यह कयास शुरू हुआ है कि आखिर नया इनकम टैक्स कानून कैसा होगा और इसका उन पर क्या असर होगा। टैक्सपेयर्स की दुविधा और शंका को शांत कर केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के चेयरमैन रवि अग्रवाल ने बताया कि नया इनकम टैक्स कानून प्रत्यक्ष कर को काफी आसान करेगा और करदाता की जिंदगी भी आसान होगी।
रिपोर्ट के अनुसार सीबीडीटी चेयरमैन ने बताया कि यह बहुत संतोष की बात है कि इस बार बजट को इतनी सकारात्मकता से लिया गया है और इतना ही नहीं हमारे करोड़ करदाता खुश हैं। टैक्स में दिया गया पूरा लाभ करीब 1 लाख करोड़ रुपये का है और इस साल का बजट लक्ष्य 22.37 लाख करोड़ रुपये है, तब यह कुल करों का 5 प्रतिशत बनता है। लोगों के हाथ में यह 1 लाख करोड़ रुपये होने का अर्थव्यवस्था पर प्रभाव दिखेगा। व्यापार विकसित होगा।
सीबीडीटी चेयरमैन अग्रवाल के मुताबिक, टैक्स छूट के रूप में हमारी ओर से दिया गया पैसा वापस लौटेगा। यह कंपनियों के माध्यम से आएगा, यह व्यापार आय के माध्यम से आएगा, यह वेतन के माध्यम से भी आ सकता है, क्योंकि अगर कंपनियां बढ़ती हैं, तब वेतन भी बढ़ेगा। इस 1 लाख करोड़ रुपये की राहत का सकारात्मक प्रभाव देश की इकानामी पर दिखाई देगा। हम इस साल 15 प्रतिशत की दर से बढ़ रहे हैं, क्योंकि इस राहत के कारण बजट लक्ष्य 12.46 प्रतिशत रखा गया है।
सीबीडीटी अध्यक्ष ने कहा कि इसका फायदा उठाने के लिए दो चीजें हैं। एक करदाता को रिटर्न फाइल करना होगा और फिर अगर रिफंड बनता है, तब वह व्यक्ति रिफंड ले सकता है। रिटर्न की संख्या लगभग वहीं रहेगी। यह लगभग 9 करोड़ होगी। पहले 7 लाख रुपये तक की आय पर छूट मिलती थी, अब यह 12 लाख रुपये तक हो गई है। इस बजट में डेढ़ करोड़ करदाताओं के लिए, जो इस श्रेणी (7 से 12 लाख रुपये) में थे, उनकी टैक्स देनदारी शून्य होगी। लाभ पाने वाले वास्तविक करदाताओं की संख्या करीब 3 करोड़ होगी।

गोदरेज प्रॉपर्टीज ने कोयम्बटूर में खरीदी 44 एकड़ जमीन, आवासीय प्रोजेक्ट की तैयारी
असम विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने उम्मीदवारों की दूसरी सूची की जारी
Concern… Now Trump Should Be Given the Nobel Prize! Dr. Chander Sonane